बुलंद गोंदिया। गोंदिया जिला वन विभाग के अंतर्गत आने वाले राजुली सह वन क्षेत्र वन परिक्षेत्र गोठनगांव तहसील अर्जुनी मोरगांव के वन क्षेत्र सहायक (वनपाल) रमेश पचारे वह दो वन वनरक्षकनिलोत्पल हिरालाल शिकारे,मंगल सिंह परिहार को गोंदिया एंटी करप्शन ब्यूरो द्वारा 20 हजार रूपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर हिरासत में लिया ।
प्राप्त जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता 24 वर्षीय युवक के मकान का निर्माण कार्य शुरू था 9 जुलाई 2026 को जब शिकायतकर्ता रॉयल्टी की लाई रेत अपने निर्माणाधिन मकान के पास खाली कर अपना ट्रैक्टर खेत की ओर ले जा रहा था इसी दौरान आरोपी वन क्षेत्र सहायक( वनपाल ) रमेश सखाराम पचारे उम्र 57 वर्ष, वह वनरक्षक नीलोत्पल हीरालाल शिकारे द्वारा उसके ट्रैक्टर को रोककर उसकी चाबी निकाल कर कहा कि घर का निर्माण कार्य शुरू करने के बाद से जंगल के नाले से रेती निकाल रहा है जिस पर तूने1 रूपए भी अब तक नहीं दिया है।
जिससे अब तेरे पर मामला दर्ज करना पड़ेगा यदि मामला दर्ज नहीं करना है तो 25000 रूपए देना होंगा ऐसा कहते हुए वहां से निकल गए इसके पश्चात 5 अगस्त को आरोपी द्वारा शिकायतकर्ता को 8 अगस्त को राजोली परसटोला राउंड ऑफिसर कार्यालय में उपस्थित रहने का नोटिस दिया।
शिकायतकर्ता जब राजोली परसटोला राउंड ऑफिस कार्यालय में पहुंचा तो पचारे वह शिकारे ने आपसी समझौता कर 25000 के बदले ₹20000 की मांग की किंतु शिकायतकर्ता द्वारा रिश्वत न देने की मंशा लेते हुए 10 अगस्त को गोंदिया एंटी करप्शन ब्यूरो में इसकी शिकायत दर्ज करवाई।
शिकायत दर्ज होने के पश्चात मामले की जांच कर 11 अगस्त को पंचों वह वॉइस रिकॉर्डिंग के साथ शिकायतकर्ता राजोली सहवान क्षेत्र परसटोला कार्यालय में पहुंचा इस दौरान आरोपी क्रमांक 1, 2 व 3 द्वारा रेती का उत्खनन व परिवहन के संदर्भ में मामला न दर्ज करने के लिए 20000 की रिश्वत ली।
रिश्वत लेते ही गोंदिया एंटी करप्शन ब्यूरो द्वारा आरोपियों को हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर उनके के खिलाफ केशोरी पुलिस थाने में भ्रष्टाचार प्रतिबंधक कानून की धाराओं के तहत मामला दर्ज करवाया।
उपरोक्त करवाई उपअधीक्षक एसीबी गोंदिया निलेश लोधी, पुलिस निरीक्षक उमाकांत उगले,अरविंद राऊत, एस.आई- करपे, एच.सी बोहरे, कहालकर, एन. पी सी.सेंडे, कापसे, काटकर ,सोनवने, बाटबर्वे वह एलपीसी पटले, वह डांगे द्वारा की गई।





