बुलंद गोंदिया। अखिल भारतीय राज्य कर्मचारी महासंघ गत 60 वर्षों से केंद्र व राज्य सरकार से अपनी विभिन्न मांगों को लेक र निरंतर आंदोलन कर रहा है। जिसके चलते 26 नवंबर को देश के 27 राज्यों के 80 लाख राज्य कर्मचारियों द्वारा एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल की गई। इस हड़ताल में अपनी विभिन्न मांगों के साथ ही कोरोना काल के 8 माह के दौरान केंद्र सरकार द्वारा कर्मचारी व कामगारों के विरोध में कानून पास किया है। जिसका विरोध करने के साथ ही अपनी विभिन्न मांगों जिसमें 1982 की पुरानी पेंशन योजना शुरू करने, निजीकरण व ठेकेदारी पद्धति बंद कर अंशकालीन व ठेकेदारी कर्मचारियों को सेवा में नियमित करने, समय पूर्व सेवानिवृत्ति का नियम रद्द करने, कर्मचारियों वह कामगार विरोधी कानून को रद्द किया जाए, केंद्रीय कर्मचारियों के अनुसार राज्य कर्मचारियों को भत्ते दिए जाए, सभी विभागों के रिक्त पदों को तत्काल भरे तथा इसमें अनुकंपा धारकों को प्राथमिकता दी जाए , चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी जिला परिषद कर्मचारी शिक्षक शिक्षकेतर कर्मचारियों की लंबित मांगों को हल किया जाए, वेतनश्रेणी की त्रुटि दूर करने बक्षी समिती अहवाल का दूसरा खंड घोषित किया जाए, अन्याय कारक किसान नियमों को रद्द किया, जाए प्रतिमाह 7000 बेरोजगारी भत्ता देने, तथा प्रत्येक गरीब व्यक्ति को प्रतिमाह 10 किलो अनाज देने, प्रत्येक जरूरतमंद व्यक्ति को मनरेगा के अंतर्गत वर्ष में 200 दिन रोजगार मिलने आदि विभिन्न मांगों को लेकर उपरोक्त आंदोलन किया गया। तथा इन मांगों का ज्ञापन मुख्यमंत्री के नाम जिलाधिकारी को सौंपा गया उपरोक्त आंदोलन कोरोना संक्रमण को देखते हुए सभी कर्मचारियों द्वारा अपने अपने कार्यालय में सुबह 10 से 11 बजे के दौरान प्रदर्शन किया साथ ही आंदोलन के पूर्व 26 नवंबर को मुंबई में आतंकवादी हमले में शहीद जवानों को श्रद्धांजलि दी गई तथा संविधान दिन के अवसर पर भारतीय संविधान का वाचन किया गया जिसके पश्चात जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया इस अवसर लीलाधर पाथोडे सरचिटणीस तथा निमंत्रक जिल्हा समन्वय समिती गोंदिया, .आशिष प्र. रामटेके सहसचिव राज्य सरकारी कर्मचारी मध्यवर्ती संघटना महाराष्ट्र, पी जी शहारे अध्यक्ष जिल्हा परिषद कर्मचारी महासंघ गोंदिया, कमलेश बिसेन अध्यक्ष ग्रामसेवक संघटना जिल्हा गोंदिया, राज कळव अध्यक्ष जुनी पेन्शन हक्क संघटना जिल्हा गोंदिया, लीलाधर जसुजा शिक्षकेत्तर कर्मचारी संघटना गोंदिया, प्रकाश ब्राह्मणकर अध्यक्ष शिक्षक भारती संघटना गोंदिया, लीलाधर तीबुडे सचिव चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संघटना गोंदिया, एम टी मल्लेवार अध्यक्ष विदर्भ पटवारी संघ गोंदिया, चंद्रशेखर वैद्य सचिव पाटबंधारे संघटना गोंदिया, किशोर भालेराव समन्वयक आरोग्य कर्मचारी संघटना गोंदिया, शैलेश बैस, आनंद बोरकर आदि उपास्थि थे ।
अखिल भारतीय राज्य कर्मचारी महासंघ का एक दिवसीय सांकेतिक देशव्यापी हड़ताल





