घोटालों के आरोप में रद्द हुई संस्थाएं थी, उन्हें पुनः शुरू करने तथा धान प्रक्रिया की जांच सीबीआई से करवाये , म्युकरमाइकोसिस मरीजों के निशुल्क उपचार पर सरकार के दावे खोखले
बुलंद गोंदिया। महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री व विरोधी दल नेता देवेंद्र फडणवीस ने कोविड की समीक्षा के पश्चात खरीफ और रबी धान के मामलों पर जिलाधिकारी कार्यालय गोंदिया में बैठक आयोजित की। इस बैठक में गोदामों की स्थिति, खरीफ धान की खरीदी, उसकी उठाई, धान के बोनस, बाहर खुले में पड़े धान की स्थिति एव रबी धान की खरीदी पर अधिकारियों से चर्चा की।
खरीफ धान के बड़े पैमाने पर बाहर खुले में पड़े होने पर पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बड़ी चिंता जाहिर की। उन्होंने कहा धान के गोदाम फूल है, जिले में 43 लाख क्विंटल धान खरीदी में सिर्फ 1 लाख क्विंटल धान की उठाया गया जो सरकार की गलत कार्यप्रणाली की पोल खोल रही है। सरकार किसानों के इस मामले पर पूरी तरह फेल दिखाई दे रही है।
फड़नवीस ने कहा, रबी धान की खरीदी अभी तक शुरू नही है। जो केंद्र दिखाए जा रहे है वो सिर्फ फ़ोटो सेशन कर दिखाए जा रहे है, जबकि किसानों का धान खुले में पड़ा हुआ है। जिले में रबी की भरपूर पैदावार हुई है। 15 दिनों के भीतर करीब 25 लाख क्विंटल धान खरीदी की जानी चाहिये। अगर दो-तीन दिन में रबी धान खरीदी शुरू नही होती है तो हम किसानों के हित मे खड़े होकर कोविड नियमों के विरुद्ध जाकर
आंदोलन का रास्ता अख्तियार करेंगे।
घोटालों के आरोपो में रद्द संस्थाओं को पुनः शुरू किए जाने पर मामला सीबीआई को सौंपेगे
पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, जिन धान खरीदी संस्थाओ को धान के घोटालों के मामलों पर कार्रवाई कर रद्द किया गया था, उन्हें पुनः शुरू करने के आदेश देकर सरकार ने घोटालेबाज संस्थाओं को बढ़ावा दिया है। ऐसी संस्थाओं को पुनः धान खरीदी करने का आदेश देने पर तथा धान प्रक्रिया की जांच हेतु इस मामले को सीबीआई को सौपा जाएगा। चुकी इसमें केंद्र से प्राप्त निधि का घोटाला हुआ है।
म्युकरमाइकोसिस मरीजों के निशुल्क उपचार पर सरकार के दावे खोखले
राज्य मे म्यूकरमायकोसिस मरीजों की संख्या बड़े पैमाने पर बढ़ रही है। जिस पर सरकार ने महात्मा ज्योतिबा फुले जन आरोग्य योजना के अंतर्गत निशुल्क उपचार करने का दावा किया जा रहा है। जो खोखले साबित हो रहे हैं सिर्फ सरकारी चिकित्सालय वह कुछ पंजीकृत चिकित्सालय में योजना के अंतर्गत उपचार हो रहा है अभी बड़ी संख्या में मरीज निजी चिकित्सालय में उपचार कर लाखों रुपए दे रहे हैं जिससे उन्हें घर बार बेचने की नौबत आ रही है। सरकार द्वारा मरीजों के लिए लगने वाले इंजेक्शन निशुल्क उपलब्ध करवाया जाना चाहिए चाय वे कहीं भी उपचार करवाएं साथ ही निजी चिकित्सालय में उपचार कि दर निश्चित होनी चाहिए।
इस दौरान, पूर्व ऊर्जा मंत्री चन्द्रशेखर बावनकुले, पूर्व मंत्री व विधायक.डॉ परिणय फुके, सांसद सुनील मेंढे, विधायक विजय रहांगडाले, जिलाधिकारी दीपककुमार मीणा, पूर्व मंत्री राजकुमार बडोले, भाजपा जिलाध्यक्ष केशवभाऊ मानकर, पूर्व विधायक गोपालदास अग्रवाल, रमेशभाऊ कुथे, संजय पुराम, बालाभाऊ अंजनकर, सुनील केलंका, संजीव कुलकर्णी, सहित बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी उपस्थित थे।






