बुलंद गोंदिया। गोंदिया जिला मलेरिया विभाग में कार्यरत स्वास्थ्य सेवक मारुति यादव दिपेवाड उम्र 39 वर्ष ;व वरिष्ठ लिपिक नीरज कुमार नरेश अग्रवाल, उम्र 40 वर्ष को शिकायतकर्ता के पिता के नक्सल भत्ता व पारिवारिक पेंशन निकालने के नाम पर 7000 की रिश्वत लेते हुए गोंदिया एंटी करप्शन ब्यूरो द्वारा रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया ।
प्राप्त जानकारी के अनुसार गोंदिया निवासी 43 वर्षीय शिकायतकर्ता के पिता जिला मलेरिया विभाग में स्वास्थ्य सेवक पद से वर्ष 2016 में सेवानिवृत हुए थे तथा उनकी फरवरी 2026 में मृत्यु हो गई थी। पिता की मृत्यु के पश्चात शिकायतकर्ता अपनी माता की पेंशन के बारे में जानकारी लेने के लिए जिला मलेरिया कार्यालय में गया तो आरोपी क्रमांक 2 नीरज कुमार नरेश अग्रवाल वरिष्ठ लिपिक द्वारा उसने जानकारी दी कि उसके पिता का नक्सल भत्ता का बिल बकाया है तथा इसकी प्रक्रिया करने के लिए ₹6000 देने होंगे किंतु जब बकाया बिल जारी नहीं हुआ तो शिकायतकर्ता जून 2026 में आरोपी क्रमांक 2 से मिलने गया तो आरोपी क्रमांक 2 ने उसे आरोपी क्रमांक एक जो कार्यालय में स्वास्थ्य सेवकमारुति यादव दिपेवाड निवासी हरफड़, तालुका माहुर, जिला नांदेड़ वर्तमान निवास पारधी हाउस न्यू लक्ष्मी नगर बहेकार नर्सिंग होम के समीप द्वारा उससे बिल की प्रक्रिया करने के लिए 7000 की रिश्वत की मांग की तथा इसके पश्चात 21 अगस्त को शिकायतकर्ता द्वारा फिर से आरोपी नंबर एक से बकाया बिल के संदर्भ में पूछा तो आरोपि क्रमांक एक द्वारा फिर से 7000 के रिश्वत की मांग की।
शिकायतकर्ता द्वारा रिश्वत न देने की मनसा लेते हुए 24 अगस्त को गोंदिया के एंटी करप्शन ब्यूरो में शिकायत दर्ज करवाई, जांच पड़ताल तथा वेरिफिकेशन कर शिकायत दर्ज होने के पश्चात जांच शुरू की गई तथा रिश्वत की मांग की पुष्टि के लिए शिकायतकर्ता के साथ पंचों और तथा वॉइस रिकॉर्ड के साथ आरोपी के कार्यालय में भेजा गया जहां आरोपी क्रमांक एक ने नक्सल भत्ता का बिल प्रोसेस के लिए 7000 रिश्वत की मांग करते हुए उसे स्वीकार किया।
इस दौरान आरोपी क्रमांक दो भी वहां पर मौजूद था रिश्वत की रकम लेते ही गोंदिया एंटी करप्शन द्वारा दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर गोंदिया शहर पुलिस थाने में भ्रष्टाचार प्रतिबंधक कानून के तहत मामला दर्ज करवाया।
उपरोक्त करवाई एंटी करप्शन ब्यूरो गोंदिया के डीवाईएसपी नीलेश लोधी, पीआई अरविंद राऊत, पीआई उमाकांत उगले, एएसआई करपे, एचसी बोहरे, एचसी कहालकर, एनपीसी शेंडे, एनपीसी बोपचे, एनपीसी कापसे, एनपीसी काटकर, एनपीसी सोनावणे, एनपीसी बटबार्वे, एलएनपीसी पटले, एलएनपीसी डांगे द्व्रारा की गयी।






